रांची अशोक नगर चोरीकांड: ₹80 लाख की जगुआर कार से आए थे शातिर चोर, फर्जी आईडी से होटल में गुजारी रात; पुलिस जांच में बड़ा खुलासा
मुख्य विवरण
झारखंड की राजधानी रांची के सबसे वीआईपी इलाकों में शुमार अशोक नगर में हुई हाई-प्रोफाइल चोरी की वारदात में पुलिस की तफ्तीश में कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। जांच के मुताबिक, इस सनसनीखेज वारदात को अंजाम देने आए दो शातिर अपराधी करीब 80 लाख रुपये की कीमती जगुआर कार से रांची पहुंचे थे। यह लग्जरी गाड़ी उत्तर प्रदेश (UP) के रजिस्ट्रेशन नंबर की थी, जिससे वे 8 जुलाई की दोपहर रांची पहुंचे।
शहर में दाखिल होने के बाद दोनों आरोपियों ने जगन्नाथपुर थाना क्षेत्र के बिरसा चौक स्थित ‘होटल पार्क रिट्रीट’ में एक कमरा बुक किया। खुद को छिपाने के लिए उन्होंने एक मुस्लिम व्यक्ति के नाम पर बने फर्जी आधार कार्ड का इस्तेमाल किया था। होटल में ठहरने के दौरान दोनों संदिग्ध कई बार बाहर भी निकले, जिससे यह आशंका जताई जा रही है कि वे वारदात से पहले पूरे इलाके की रेकी कर रहे थे।
सीसीटीवी से खुलासा, फर्जी आधार का इस्तेमाल
पूरी योजना तैयार करने के बाद, बुधवार की देर रात अपराधियों ने अशोक नगर के रोड नंबर 4बी में स्थित बिल्डर अखिलेश पांडेय के आवास को निशाना बनाया। वहां एक चोर दीवार लांघकर घर के भीतर दाखिल हुआ और चोरी की, जबकि उसका दूसरा साथी बाहर मुस्तैद रहकर निगरानी कर रहा था। वहां हाथ साफ करने के बाद, हौसला बुलंद कर चोरों ने पास ही में रहने वाले एक अन्य बिल्डर निशित केसरी के घर में भी सेंध लगाने की कोशिश की। हालांकि, वहां तैनात सुरक्षाकर्मी की मुस्तैदी और हवाई फायरिंग के कारण उनके मंसूबे नाकाम हो गए और उन्हें भागना पड़ा।
वहां से भागने के बाद दोनों अपराधी वापस होटल पार्क रिट्रीट पहुंचे और रात वहीं बिताई। इसके बाद, गुरुवार की सुबह करीब 5:20 बजे वे अपनी जगुआर कार लेकर वहां से रफूचक्कर हो गए। तकनीकी इनपुट और सीसीटीवी फुटेज खंगालने के बाद पुलिस को पता चला है कि आरोपी अब रांची की सीमा से बाहर जा चुके हैं। जांच में यह भी सामने आया है कि होटल में जमा कराए गए पहचान पत्र पूरी तरह फर्जी थे। इसके अलावा, इस गिरोह का एक और सदस्य एक अन्य गाड़ी के साथ होटल के बाहर रहकर पुलिस की गतिविधियों पर नजर रख रहा था, जो खुद होटल के अंदर नहीं गया था।
एसआइटी करेगी जांच, एएसपी करेंगे नेतृत्व
अशोक नगर जैसे सुरक्षित क्षेत्र में हुई इस बड़ी वारदात को गंभीरता से लेते हुए सिटी एसपी पारस राणा ने अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया है। इस एसआईटी की कमान कोतवाली एएसपी निखिल राय को सौंपी गई है। टीम में कोतवाली, धुर्वा, जगन्नाथपुर और पुंदाग ओपी के थाना प्रभारियों को शामिल किया गया है, जो लगातार संदिग्धों की तलाश में छापेमारी कर रहे हैं।
केस दर्ज: बिल्डर के घर से नकद, 90 लाख के जेवर उड़ाये
इस शातिर चोरी में त्रिवेणी बिल्डर अखिलेश पांडेय के घर से भारी मात्रा में संपत्ति चोरी होने की बात सामने आई है। दर्ज कराई गई प्राथमिकी के मुताबिक, चोरों ने अलमारी से 8 लाख रुपये कैश और करीब 90 लाख रुपये मूल्य के सोने, चांदी, हीरे और रूबी (माणिक्य) के आभूषणों पर हाथ साफ कर दिया है। पीड़ित अखिलेश पांडेय के बेटे आशुतोष पांडेय की शिकायत पर अरगोड़ा थाने में अज्ञात चोरों के खिलाफ मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
