कांड्रा के हरिश्चंद्र विद्या मंदिर ट्रस्ट विवाद पहुंचा शिक्षा मंत्री के दरबार
सरायकेला- खरसावां जिला के कांड्रा स्थित हरिश्चंद्र विद्या मंदिर ट्रस्ट का विवाद अब शिक्षा मंत्री के दरबार पहुंच चुका है. बुधवार को स्थानीय जनप्रतिनिधियों का एक प्रतिनिधिमंडल राज्य के शिक्षा मंत्री रामदास सोरेन से उनके आवास पर मिला और स्कूल को गलत तरीके से फर्जी ट्रस्ट बनाकर हथियाने के मामले से अवगत कराया. साथ ही एक ज्ञापन देकर पूरे मामले की जांच कर दोषी लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की।

जिस पर शिक्षा मंत्री ने तत्काल जिला शिक्षा अधीक्षक से बात कर पूरे मामले की रिपोर्ट तलब की है. उन्होंने भरोसा दिलाया कि रिपोर्ट आने के बाद दोषियों के खिलाफ कार्रवाई भी की जाएगी. साथ ही स्कूल का संचालन भी बेहतर तरीके से किया जाएगा. मालूम हो कि हरिश्चंद्र विद्या मंदिर की स्थापना 1945 में दिवंगत हरिश्चंद्र वार्ष्णेय ने की थी. उनके बाद ट्रस्ट को उनके बेटों ने चलाया. उनके बेटों की मौत के बाद उनकी बहुएं चला रही थी. चूंकि सरायकेला ग्लास फैक्ट्री बंद होने के बाद स्कूल का संचालन बेहतर तरीके से नहीं हो पा रहा था।

जिसका फायदा उठाकर बिल्डर जितेंद्र नाथ मिश्रा ने बगैर वार्ष्णेय परिवार और कांड्रा वासियों को भरोसा में लिए एक फर्जी ट्रस्ट बनाकर स्कूल का संचालन अपने हाथों में ले लिया. इसका भेद खुलते ही कांड्रा वासी आक्रोशित हो उठे और आंदोलन का रुख अख्तियात कर लिया है. इसको लेकर कांड्रा वासियों ने उपायुक्त एवं रजिस्ट्रार से मुलाकात कर न्याय की गुहार लगाई है।
