नहीं थमी मेहनत की रफ्तार, पहले प्रयास में गया की वैष्णवी ने हासिल की UPSC AIR 298
गया जिले की बेटी वैष्णवी ने संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा परीक्षा में शानदार प्रदर्शन करते हुए अपने प्रथम प्रयास में ही सफलता का परचम लहराया है। बेलागंज प्रखंड के दादपुर गाँव की रहने वाली वैष्णवी की इस उपलब्धि से पूरे क्षेत्र में खुशी का माहौल है।
बचपन से ही था बड़ा लक्ष्य पाने का सपना वैष्णवी के पिता, राजीव नयन कुमार, कोल इंडिया लिमिटेड में वरिष्ठ सर्वेक्षण अधिकारी के रूप में कार्यरत हैं। वैष्णवी शुरू से ही मेधावी छात्रा रही हैं और उनका झुकाव हमेशा से ही बड़े प्रशासनिक पदों की ओर था। उन्होंने कभी भी छोटे लक्ष्यों तक खुद को सीमित नहीं रखा और कठिन परिश्रम को अपना मूलमंत्र बनाया।
झारखंड से हुई स्कूल की पढ़ाई वैष्णवी की शैक्षणिक यात्रा झारखंड से शुरू हुई। उन्होंने रामगढ़ स्थित आर्मी स्कूल से अपनी दसवीं की परीक्षा प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण की। इसके बाद, उन्होंने रांची के प्रतिष्ठित जवाहर विद्या मंदिर (JVM) श्यामली से अपनी इंटरमीडिएट (11वीं और 12वीं) की शिक्षा पूरी की। स्कूली दिनों से ही उन्होंने तय कर लिया था कि उन्हें देश सेवा के लिए प्रशासनिक अधिकारी बनना है।
दिल्ली यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन और फिर दिल्ली में तैयारी उच्च शिक्षा के लिए वैष्णवी देश की राजधानी दिल्ली चली गईं, जहाँ उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय (DU) से इतिहास विषय में स्नातक (Graduation) की डिग्री प्राप्त की। स्नातक के तुरंत बाद, उन्होंने बिना समय गंवाए यूपीएससी की तैयारी शुरू कर दी। दिल्ली के शैक्षणिक वातावरण और अपनी सटीक रणनीति के साथ उन्होंने खुद को पूरी तरह समर्पित कर दिया।
पहले ही प्रयास में मिली बड़ी कामयाबी जहाँ यूपीएससी जैसी कठिन परीक्षा को पास करने में अभ्यर्थियों को कई साल लग जाते हैं, वहीं वैष्णवी ने अपनी एकाग्रता और कड़ी मेहनत से पहले ही प्रयास में 298वीं रैंक हासिल कर सबको गौरवान्वित किया है। उनकी यह सफलता ग्रामीण पृष्ठभूमि के युवाओं के लिए एक बड़ी प्रेरणा है।

