इप्टा द्वारा दहेज कुप्रथा पर आधारित नाटक “एक और रास्ता” का मंचन
चाईबासा। भारतीय जन नाट्य संघ (इप्टा) की चाईबासा शाखा के कलाकारों ने जायसवाल शौंडिक समाज द्वारा आयोजित वैवाहिक परिचय सम्मेलन के मंच पर प्रख्यात रंगकर्मी दिनकर शर्मा द्वारा लिखित व निर्देशित दहेज कुप्रथा पर आधारित नाटक “एक और रास्ता” का मंचन किया। इस नाटक के माध्यम से यह शिक्षा दी गई है कि दहेज के कारण आज सैकड़ों अबलाओं को आत्म हत्या करने को मजबूर होना पड़ता है। अगर समय रहते हम दहेज जैसी कुरीति को दूर नहीं करते तो वह दिन दूर नहीं, जब हमारे देश के युवा विवाह के लिए दुल्हन को तरसेंगे।

नाटक के हृदय विदारक दृश्यों को देखकर उपस्थित दर्शकों की आंखों से आंसू छलक पड़े। नाटक के सभी कलाकारों ने अपने अभिनय को बखूबी जीया है। इस नाटक में पिता की भूमिका में थे परवेज आलम, माता की भूमिका में शीतल सुगंधिनी बागे, बेटे की भूमिका में श्यामल दास, बड़ी बेटी की भूमिका में खुशबू राम, छोटी बेटी की भूमिका में खुशी वर्मा,पुरोहित की भूमिका में देवेंद्र मिश्रा ने अपने चरित्रों को साकार कर दिया। नेपथ्य संयोजक थे तरुण मुहम्मद, कैसर परवेज, संजय चौधरी, अनुराग शर्मा और विप्लव। पार्श्व ध्वनि संयोजक थे देवेंद्र मिश्रा।
